भारत की विविधता में एकता और “एक भारत श्रेष्ठ भारत” की भावना का उत्सव मनाते हुए, डबलिन स्थित भारतीय दूतावास ने आयरलैंड में पहली बार जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को समर्पित विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया। यह आयोजन दूतावास की राज्य सांस्कृतिक कार्यक्रम श्रृंखला के अंतर्गत हुआ।
कार्यक्रम में जम्मू-कश्मीर और लद्दाख की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक, पाक, शिल्प और पर्यटन धरोहर पर केन्द्रित एक रंगारंग मल्टीमीडिया प्रस्तुति दी गई। पारंपरिक लोक नृत्यों, कश्मीरी कविता पाठ और आकर्षक हस्तशिल्प प्रदर्शनी ने दर्शकों को भारत की समृद्ध संस्कृति से रूबरू कराया।
आयरलैंड में भारत के राजदूत श्री अखिलेश मिश्र ने डबलिन में बसे कश्मीरी समुदाय का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह आयोजन भारतीय सभ्यता की उदार, समावेशी और बहु-सांस्कृतिक भावना का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 हटने के बाद जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में तेजी से सुरक्षा एवं आर्थिक माहौल बेहतर हुआ है, जिससे पर्यटन और विकास गतिविधियों को नई गति मिली है।
राजदूत ने कश्मीर की दार्शनिक और साहित्यिक परंपरा को नमन करते हुए कहा कि शारदा लिपि के पुनर्जीवन और कश्मीरी साहित्य के हिंदी अनुवाद जैसे प्रयास भारतीय सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुँचाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कश्मीरी रामायण, अभिनवगुप्त और लल देद की रचनाओं में देशभर में बढ़ती रुचि को एक सकारात्मक सांस्कृतिक संकेत बताया।
भारतीय दूतावास ने सितम्बर 2023 में राज्य सांस्कृतिक कार्यक्रम श्रृंखला की शुरुआत की थी, जिसका उद्देश्य भारतीयों और आयरिश नागरिकों के बीच सांस्कृतिक संवाद को मजबूत करना तथा भारत की विविध सांस्कृतिक विरासत से लोगों को परिचित कराना है। अब तक इस श्रृंखला में 18 भारतीय राज्यों के सांस्कृतिक कार्यक्रम सफलतापूर्वक आयोजित किए जा चुके हैं।