
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों ‘मुख्यमंत्री अल्पकालिक रोजगारक्षम पाठ्यक्रम’ कार्यक्रम का होगा उद्घाटन
– मंत्री मंगलप्रभात लोढ़ा
राज्य के 75 हजार प्रशिक्षुओं को प्रशिक्षण
पाठ्यक्रम के लिए तुरंत पंजीकरण करें
जा. न्यूज़ ब्यूरो
मुंबई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अमृत महोत्सवी जन्मदिन के अवसर पर प्रतिवर्ष 75,000 प्रशिक्षुओं को ‘मुख्यमंत्री अल्पकालिक रोजगारक्षम पाठ्यक्रम कार्यक्रम’ के माध्यम से प्रशिक्षित करने का लक्ष्य कौशल, रोजगार, उद्यमिता एवं नवाचार विभाग ने निर्धारित किया है। यह पाठ्यक्रम 9 अक्टूबर से राज्य की 419 शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं (आईटीआई) और 141 शासकीय तकनीकी विद्यालयों में कुल 2,506 बैच शुरू होंगे।
महाराष्ट्र के कौशल, रोजगार, उद्यमिता एवं नवाचार मंत्री मंगल प्रभात लोढा ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों प्रथम बैच का ऑनलाइन उद्घाटन शीघ्र ही किया जाएगा। इस पाठ्यक्रम के लिए रोजगार इच्छुक युवाओं से तुरंत पंजीकरण करने की अपील की गई है। मंत्री लोढ़ा ने कहा कि युवाओं को अल्प अवधि में रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण देकर उद्योग की आवश्यकता के अनुसार कुशल जनशक्ति तैयार करना, युवाओं को कौशल आधारित स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना तथा महिला उम्मीदवारों और ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं को बड़े पैमाने पर कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध कराना ही इस योजना का मुख्य उद्देश्य है। आधुनिक तकनीक के नए व्यवसायों में महाराष्ट्र को अग्रणी बनाने के लिए यह योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली है।
प्रवेश प्रक्रिया के लिए कार्यपद्धति निर्धारित
मंत्री लोढा ने कहा कि राज्य की औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं और तकनीकी विद्यालय केंद्रों में उपलब्ध आधारभूत सुविधाओं का उपयोग करते हुए संस्थाओं के समय के अतिरिक्त समय में मुख्यमंत्री अल्पकालिक रोजगारक्षम पाठ्यक्रम कार्यक्रम शुरू करने का निर्णय शासन ने लिया है। इस संबंध में प्रमाणित कार्यपद्धति तय की गई है तथा ऑनलाइन प्रवेश प्रणाली विकसित की गई है। अल्पकालिक पाठ्यक्रमों में 25 प्रतिशत सीटें संस्थान के विद्यार्थियों के लिए आरक्षित रखी गई हैं और शेष सीटें बाहरी उम्मीदवारों के लिए उपलब्ध होंगी। प्रशिक्षण शुल्क 1,000 रुपये से 5,000 रुपये प्रतिमाह तक रखा गया है। राज्य की 419 शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं और 141 शासकीय तकनीकी विद्यालयों में यह प्रशिक्षण दिया जाएगा।

समय के साथ बदलते पाठ्यक्रम
समय के साथ बदलते पाठ्यक्रम के अंतर्गत मुख्यमंत्री अल्पकालिक रोजगारक्षम पाठ्यक्रम कार्यक्रम के अंतर्गत विभिन्न आधुनिक और पारंपरिक रोजगारोन्मुखी अल्पकालिक व्यवसायिक पाठ्यक्रम चलाए जाएंगे। इनमें एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग, एरोस्पेस स्ट्रक्चर फिटर, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल, सोलर एनर्जी, ड्रोन टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर, साइबर सुरक्षा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ग्रीन हाइड्रोजन, मोबाइल रिपेयर टेक्नीशियन आदि पाठ्यक्रम शामिल होंगे।
पाठ्यक्रम के लिए पात्रता
इन पाठ्यक्रमों के लिए आईटीआई में प्रशिक्षण ले रहे एवं आईटीआई पूर्ण करने वाले विद्यार्थी, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा में डिप्लोमा, डिग्री कर रहे अथवा पूर्ण कर चुके विद्यार्थी तथा कक्षा 10वीं व 12वीं के विद्यार्थी पात्र होंगे। राज्य की 419 शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं और 141 शासकीय तकनीकी विद्यालयों में यह प्रशिक्षण दिया जाएगा। इन रोजगारोन्मुखी अल्पकालिक व्यवसायिक पाठ्यक्रमों के लिए व्यवसाय शिक्षा एवं प्रशिक्षण संचालनालय की वेबसाइट https://admission.dvet.gov.in पर पंजीकरण करें। अधिक जानकारी और प्रवेश पंजीकरण के लिए निकटतम शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था या शासकीय तकनीकी विद्यालय से संपर्क साधें, ऐसा आवाहन किया गया है।
पाठ्यक्रम की विशेषताएँ
उभरते हुए क्षेत्रों के पाठ्यक्रमों में महिला उम्मीदवारों के लिए 364 समर्पित बैच।इलेक्ट्रिक व्हीकल, सोलर एनर्जी, ग्रीन हाइड्रोजन उत्पादन, एआई, इंटरनेट ऑफ थिंग्स जैसे व्यवसायिक पाठ्यक्रमों के 408 बैच। आगामी कुंभमेले के लिए “वैदिक संस्कार जूनियर असिस्टेंट” ट्रेड की 2 बैच।

गढ़चिरोली में ट्रैक्टर मैकेनिकल का व्यवसायिक पाठ्यक्रम
हरंगुल, लातूर की संवेदना दिव्यांग निजी आईटीआई में दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए गृह उपकरण, टैली और फैशन टेक्नोलॉजी के विशेष पाठ्यक्रम। इसके अलावा वाधवण बंदर के लिए प्रशिक्षित ड्राइवर उपलब्ध कराने हेतु प्रशिक्षण। ग्रीन हाइड्रोजन उत्पादन व्यवसाय के लिए 8 बैच।आईटीआई दादर में सेमीकंडक्टर टेक्नीशियन का व्यवसायिक पाठ्यक्रम।
महाराष्ट्र इंटरनैशनल सेंटर, गोंवड़ी आईटीआई एवं शासकीय टेक्निकल हाईस्कूल अमरावती व नागपुर में एडवांस वेल्डिंग, एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग एवं एडवांस सीएनसी, इंटरनेट ऑफ थिंग्स जैसे पाठ्यक्रम शुरू होंगे।
